Threads of time...

Tuesday, August 26, 2008

प्यारा दोस्त

जब दोस्त हो आप जैसा प्यारा
और दोस्ताना हो सबसे न्यारा
दिल से हो दिल को सहारा
तो क्युओं न हो इंतज़ार तुम्हारा
प्यार का है अटूट बंधन हमारा
तुम हो आसमान का सबसे सुंदर तारा

कुछ तो है इन् शोख आंखों में
कुछ तो यह लब कहे जातें हैं
न हमारी आँखें बंद होती हैं
और न ही वो सो पाते हैं
ख्यालों की दुनिया से जब वोह
सितारों की तरह मुस्कुराते हैं
यकीन माने दिल क्या
बस जान लिए जाते हैं

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posted by Nomade at 10:54 PM

1 Comments:

Meri dil me ek aahat unki hai.
Mere dil me ek gungunahat unki hi hai..
aanjaan hai wo is raaz se....
Ki hamari hansi mai ek mushkurahat unki bhi hai. :):)

March 26, 2009 at 5:54 PM  

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